उत्तरकाशी-जनपद के दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्र स्थित पीएम श्री कमलाराम नौटियाल राजकीय आदर्श इंटर कॉलेज, धौंतरी में अत्याधुनिक STEM (साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग एवं गणित) लैब का शुभारंभ होने के साथ ही विज्ञान शिक्षा का एक नया अध्याय शुरू हो गया है। अब विद्यालय के विद्यार्थी केवल पुस्तकों तक सीमित न रहकर प्रयोगों, नवाचार और आधुनिक तकनीकों के माध्यम से विज्ञान की जटिल अवधारणाओं को व्यावहारिक रूप से समझ सकेंगे। यह पहल ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को महानगरों जैसी आधुनिक विज्ञान शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
लैब का उद्घाटन प्रोफेसर आशीष थपलियाल एवं प्रोफेसर मधु थपलियाल ने ग्राम प्रधान हिमांशु नौटियाल, क्षेत्र पंचायत सदस्य मीना नौटियाल तथा सामाजिक कार्यकर्ता प्रशांत नौटियाल और नितिन नौटियाल की उपस्थिति में किया। उद्घाटन के बाद अतिथियों ने लैब का अवलोकन करते हुए इसकी आधुनिक सुविधाओं की सराहना की।
विज्ञान शिक्षक एवं विज्ञान संचारक डॉ. शम्भू प्रसाद नौटियाल ने बताया कि STEM लैब में विद्यार्थियों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, कोडिंग, माइक्रो केमिस्ट्री, इलेक्ट्रॉनिक्स, विज्ञान प्रयोग किट, गणितीय मॉडल, इंजीनियरिंग गतिविधियां, वैज्ञानिक खिलौने और प्रोजेक्ट आधारित शिक्षण जैसी अत्याधुनिक व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं। इन संसाधनों के माध्यम से विद्यार्थी स्वयं प्रयोग करते हुए वैज्ञानिक सोच, तार्किक क्षमता, समस्या समाधान कौशल, रचनात्मकता और नवाचार की भावना विकसित कर सकेंगे।
अतिथियों ने कहा कि पर्वतीय क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए ऐसी आधुनिक प्रयोगशाला किसी बड़े शैक्षणिक संस्थान से कम नहीं है। इससे बच्चों को नई तकनीकों का व्यावहारिक अनुभव मिलेगा और वे भविष्य की वैज्ञानिक एवं तकनीकी चुनौतियों का बेहतर ढंग से सामना करने के लिए तैयार होंगे। उन्होंने विद्यालय में विज्ञान शिक्षा को आधुनिक स्वरूप देने के प्रयासों की सराहना करते हुए इसे अन्य विद्यालयों के लिए भी प्रेरणादायी पहल बताया।
इस अवसर पर डॉ. शम्भू प्रसाद नौटियाल की नवीन पुस्तक “जलवायु, पर्यावरण व विज्ञान” का भी विमोचन किया गया। वक्ताओं ने पुस्तक को पर्यावरण संरक्षण, जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूकता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के प्रसार की दिशा में उपयोगी कृति बताते हुए इसकी प्रशंसा की।
डॉ. शम्भू प्रसाद नौटियाल ने कहा कि उनका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों को भी आधुनिक विज्ञान शिक्षा और नवाचार आधारित शिक्षण की वही सुविधाएं उपलब्ध कराना है, जो बड़े शहरों के विद्यालयों में उपलब्ध हैं। उनका मानना है कि प्रयोग आधारित शिक्षा से विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण विकसित होगा और वे भविष्य में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में नई उपलब्धियां हासिल कर सकेंगे।
कार्यक्रम में विद्यालय परिवार, जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों एवं विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता रही। उपस्थित सभी अतिथियों ने STEM लैब को विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताते हुए विश्वास व्यक्त किया कि यह प्रयोगशाला क्षेत्र में विज्ञान शिक्षा के स्तर को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएगी।
